गैरसैंण में विधानसभा अध्यक्ष के सम्मुख सीएम द्वारा झंडारोहण करने के मामले ने पकड़ा तूल
देखें संबंधित वीडियो
अल्मोड़ा, 16 अगस्त 2020— उत्तराखंड प्रदेश की ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण में स्वतंत्रता दिवस पर विधानसभा अध्यक्ष की मौजूदगी में सीएम द्वारा राष्ट्रध्वज फहराए जाने का मुद्दा जोर पकड़ने लगा है।
अब पूर्व विधानसभा अध्यक्ष और जागेश्वर के विधायक गोविंद सिंह कुंजवाल ने गैरसैंण में विधानसभा अध्यक्ष के सम्मुख मुख्यमंत्री द्वारा स्वतंत्रता दिवस पर ध्वजारोहण को प्रोटोकाल का उल्लंघन करार दिया है. उन्होंने कहा कि परंपरा यह है कि विधानसभा परिसर में हमेशा विधानसभा अध्यक्ष झंडारोहण करते हैं।
कुंजवाल ने कहा कि विधानसभा अध्यक्ष का पद संवैधानिक होता है और उनकी मौजूदगी में सीएम द्वारा झंडारोहण खुद करना प्रोटोकाल का उल्लंघन है. कहा कि प्रदेश की ग्रीष्मकालीन घोषित राजधानी गैरसैंण में विधानसभा अध्यक्ष की मौजूदगी में सीएम ने ध्वजा रोहण कर प्रोटोकाल का पालन नहीं किया है.
उन्होंने कहा कि उत्तरप्रदेश में भी जहां विधानभवन और सचिवालय एक ही परिसर में वहां भी इस प्रोटोकाल का पालन होता है और जिस वक्त सीएम वहां ध्वजारोहण कर रहे होतें है तब विधानसभा अध्यक्ष अपने आवास पर ध्वजारोहण करते हैं।
उन्होंने कहा कि इस प्रकार के काम से जनता प्रभावित नहीं होती है. कुंजवाल ने कहा कि स्वतंत्रता दिवस के दिन जो गैरसैंण में हुआ है वह प्रोटोकाल का उल्लंघन हुआ है। उन्होंने कहा कि केवल शासनादेश और झंडारोहण कर कुछ नहीं होने वाला है कहा कि पिछली सरकार ने वहां विकास के लिए 55 करोड़ रुपये की धनराशि मिनी सचिवालय के लिए स्वीकृत किया था आज तक सरकार वहां कार्य शुरू नहीं कर पाई है। अब यदि सचिवालय ही वहां नहीं बनेगा तो ग्रीष्मकालीन राजधानी कैसे चलेगी, कहा कि वहां अतिशीघ्र राजधानी निर्माण होना चाहिए और इस प्रकार के प्रोटोकाल के उल्लंघन से सरकार को बचना चाहिए।
ताजा अपडेट के लिए हमारे यूट्यूब चैनल को सब्सक्राइब करें