आपदा प्रबन्धन सचिव डॉ रंजीत कुमार सिन्हा ने शनिवार को जोशीमठ नगर क्षेत्र में हो रहे भू-धंसाव एवं भूस्खलन के बाद राज्य सरकार द्वारा किए गए राहत और बचाव कार्यो के बारे में बताया।
डॉ रंजीत कुमार सिन्हा ने बताया कि कि जोशीमठ में शुरू में पानी का डिस्चार्ज जो 6 जनवरी 2023 को 540 एलपीएम था,वो अब 136 एलपीएम हो गया है।बताया कि अस्थायी रूप से चिन्हित राहत शिविरों में जोशीमठ में कुल 650 कक्ष हैं और इनमें 2919 लोग रह सकते है।
इसके साथ ही बताया कि पीपलकोटी में 491 कक्ष हैं,इसमें 2205 लोग रह सकते है। बताया कि अब तक 863 भवनों में दरारें दिखी है। हुई है। गांधीनगर में 1,सिंहधार में 2,मनोहरबाग में 5,सुनील में 7 क्षेत्र, वार्ड असुरक्षित घोषित किए गए हैं। 181 भवन असुरक्षित क्षेत्र में स्थित है। बताया कि 274 परिवार सुरक्षा के दृष्टिगत अस्थायी रूप से विस्थापित किये गये हैं। विस्थापित परिवार के सदस्यों की संख्या 921 है।