ढाई साल की बच्ची की नृशंस हत्या की जांच के लिये सरकार ने गठित की एसआईटी

227 Views

अलीगढ़ में हुई एक लोमहर्षक घटना के बाद से पूरे देश में गुस्से का माहौल है। ताले के लिये पूरे देश भर में जान जाने वाले अलीगढ़ में ढाई वर्ष की बच्ची के साथ घटित इस घटना ने पूरे देशवासियों को उद्वेलित कर दिया है। बच्ची की जघन्य हत्या के खिलाफ लोग सड़क से लेकर सोशल मीडिया पर आवाज उठा रहे है । लोगों ने आरोपियों को सख्त से सख्त सजा दिये जाने की वकालत की है। इधर इस जंघन्य घटना के बाद हरकत में आये डीजीपी मुख्यालय में डीजी कानून-व्यवस्था आनंद कुमार ने एसआईटी का गठन किया है। आनंद कुमार ने बताया कि अलीगढ़ के एएसपी देहात मणिलाल पाटीदार के नेतृत्व में छह सदस्यीय स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (एसआईटी) गठित की गई है। इसके साथ ही एक एक्सपर्ट, फोरेंसिक टीम और स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) की टीम भी जांच टीम में मदद करेगी। एसआईटी को तीन सप्ताह में अपनी रिपोर्ट देने को कहा गया है।
विवेचकों में इंस्पेक्टर टप्पल संजय कुमार जायसवाल, महिला थाना इंस्पेक्टर सुनीता मिश्रा समेत चार इंस्पेक्टर को शामिल किया गया है। वही इस मामले में लापरवाही बरतने के आरोप में कार्रवाई करते हुए एक इंस्पेक्टर, एक सिपाही और तीन दारोगा को निलंबित किया गया है।

तालानगरी अलीगढ़ के टप्पल क्षेत्र में ढाई वर्ष की बच्ची के साथ घटी एस घटना ने मानवता को शर्मसार कर दिया है।

बच्ची के शव के साथ तक नृशंशता बरती गयी। और शव को कपड़े की पोटली में लपेटकर फेंका गया था और वह गल गया था। शव का हाथ पोटली से अलग मिला। पुलिस की जांच के बाद पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में भी दुष्कर्म की पुष्टि नही हुई है।

पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा है। आरोपियों पर पॉक्सो एक्ट भी लगाया गया है। इसके अलावा पुलिस आरोपियों पर रासुका लगाने की तैयारी में है। शुरू में बच्ची का शव मिलने के बाद बलात्कार के बाद हत्या की आशंका बताई जा रही थी। पुलिस की जांच में भी रेप की पुष्टि नही हुई थी और पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी यही बात सामने आयी है। पुलिस के अनुसार पूर्व में आरोपियों का मृत बच्ची के पिता से रुपये के लेन-देन को लेकर झगड़ा हुआ था। इसके बाद आरोपियों ने बच्ची को अगवा कर गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी।

error: Content is protected !!
%d bloggers like this: